दो दिवसीय पीपीटी प्रस्तुतीकरण कार्यक्रम आयोजित

दो दिवसीय पीपीटी प्रस्तुतीकरण कार्यक्रम आयोजित कानोड़िया पीजी महिला महाविद्यालय, जयपुर के राजनीति विज्ञान विभाग (स्नातकोत्तर) द्वारा एम.ए. तृतीय सेमेस्टर की छात्राओं के लिए 29 एवं 30 अक्टूबर, 2026 को “Foundations & Frontiers of Political Science” विषय पर दो दिवसीय पावर पॉइंट प्रस्तुतीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं में विषयगत समझ विकसित करने के साथ-साथ उनके शोध कौशल, विश्लेषणात्मक क्षमता एवं प्रभावी प्रस्तुतीकरण कौशल को प्रोत्साहित करना था। इस अवसर पर महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. सीमा अग्रवाल ने छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि पीपीटी प्रस्तुतियाँ अनुभवजन्य ज्ञान पर आधारित होती हैं। उन्होंने प्रस्तुतीकरण में विषयवस्तु एवं आत्मविश्वास के महत्त्व को रेखांकित करते हुए कहा कि इस प्रकार की गतिविधियों से छात्राओं के ज्ञान एवं कौशल में वृद्धि होती है तथा नियमित प्रस्तुतीकरण के अभ्यास से उनका आत्मविश्वास भी बढ़ता है। उन्होंने छात्राओं को निरंतर अध्ययन, तार्किक चिंतन एवं प्रभावशाली अभिव्यक्ति के लिए प्रेरित किया।  प्रस्तुतीकरण में छात्राओं ने राजनीति विज्ञान के विभिन्न सैद्धांतिक, वैचारिक एवं समसामयिक आयामों से जुड़े विषयों पर पीपीटी के माध्यम से अपने विचार प्रस्तुत किए। प्रस्तुतियों में राजनीतिक चिंतन, व्यवहारवाद, उदारवाद, नारीवाद, संवैधानिकता, मौलिक अधिकार, शक्तियों के पृथक्करण का सिद्धांत, कार्ल मार्क्स, जॉन लॉक, टी.एच. ग्रीन, डॉ. भीमराव अंबेडकर, भारत की विदेश नीति, ब्रिक्स, आतंकवाद एवं अंतरराष्ट्रीय संबंधों जैसे विविध विषय सम्मिलित रहे। डॉ. पालू जोशी, विभागाध्यक्ष (स्नातकोत्तर एवं शोध) राजनीति विज्ञान ने प्राचार्य डॉ. सीमा अग्रवाल के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके प्रेरणादायी मार्गदर्शन एवं प्रोत्साहन से छात्राओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर प्राप्त हुआ। उन्होंने छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि इस प्रकार की अकादमिक गतिविधियाँ विद्यार्थियों में स्वतंत्र चिंतन, विषय की गहन समझ, तार्किक विश्लेषण एवं प्रभावी संवाद कौशल विकसित करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने छात्राओं को भविष्य में भी इसी उत्साह एवं आत्मविश्वास के साथ शैक्षणिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में 33 छात्राओं ने अपने विषयों की प्रस्तुति देते हुए विभिन्न अकादमिक एवं समसामयिक मुद्दों पर अपने दृष्टिकोण साझा किए।